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मध्यप्रदेश

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दुग्ध उत्पादन बढ़ाने पशुपालन के वैज्ञानिक तरीके सीख रहे किसान

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भोपाल। प्रदेश में वर्तमान दैनिक दुग्ध उत्पादन क्षमता 9 लाख लाख लीटर प्रतिदिन से आगामी तीन साल में बढ़ाकर 20 लाख लीटर प्रतिदिन तक करने के लिए मप्र सरकार का पशुपालन एवं डेयरी विभाग लगातार प्रयास कर रहा है। विभाग ने इस लक्ष्य की प्राप्ति के लिए तीन चरणों में प्रदेशव्यापी दुग्ध समृद्धि संपर्क अभियान चला रहा है। 

2 से 9 अक्टूबर के बीच आयोजित हुए अभियान के प्रथम चरण में 10 या उससे अधिक दुधारू पशु रखने वाले पशुपालकों से पशुपालन विभाग के प्रशिक्षित कार्यकर्ताओं द्वारा गृह-भेंट कर प्रत्यक्ष संवाद किया। अभियान का द्वितीय चरण 17 दिसम्बर 2025 से प्रारंभ हुआ है, जो अलग-अलग जिलों में 10 से 15 दिवस की अवधि में पूरा होने जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य पशुपालकों द्वारा अपनाए जा रहे पारंपरिक पशुपालन तरीकों में वैज्ञानिक एवं व्यावहारिक आंशिक सुधार कर दुग्ध उत्पादन व्यवसाय से होने वाले लाभ में गुणात्मक वृद्धि करना है। इसके अंतर्गत गृह-भेंट के माध्यम से पशुपालकों को नस्ल सुधार, संतुलित पशुपोषण तथा पशु स्वास्थ्य से जुड़ी आधुनिक एवं उन्नत तकनीकों की जानकारी भी दी जा रही है। इसी क्रम में उप संचालक पशुपालन एवं डेयरी विभाग डॉ. अभिजीत शुक्ला तथा पशु प्रजनन कार्यक्रम अधिकारी डॉ. संगीता धमिजा द्वारा तहसील बैरसिया, जिला भोपाल में पशुपालकों के घर जाकर 5 से 9 पशु रखने वाले पशुपालकों से पशुपालन में होने वाले व्यय एवं आय पर विस्तार से चर्चा की गई तथा पशु प्रजनन, पशुपोषण एवं पशु स्वास्थ्य की तकनीकों में आवश्यक सुधार अपनाकर किस प्रकार लाभप्रदता में उल्लेखनीय वृद्धि की जा सकती है, इस पर विशेष मार्गदर्शन दिया गया।